Salary Overdraft: अधिकांश लोगों के साथ ऐसा होता है कि उन्हें जब सैलरी मिलती है, तो महीना पूरा होने तक उससे उनका काम हो जाता है. लेकिन, कभी-कभी महीने के मध्य में आने वाले अतिरिक्त खर्च जैसे मेडिकल या कोई कार्यक्रम आदि पूरा बजट खराब कर देते हैं. ऐसे में आपको अपनी बचत पर ध्यान देना होगा, लेकिन छोटे और अतिरिक्त खर्चों के लिए FD तोड़ना, LIC का पैसा निकालना आदि सही विकल्प नहीं है. ऐसे में सैलरी ओवरड्राफ्ट आपके लिए एक अच्छा विकल्प हो सकता है, जो आपके अचानक हुए खर्चों को पूरा करने में मदद करता है.

दरअसल, अगर आप नौकरी करते हैं तो बैंक अपने ग्राहकों को सैलरी ओवरड्राफ्ट की सुविधा देता है. इसके तहत आप बैंक खाते में जितनी राशि है या उससे अधिक रकम निकाल सकते हैं. इसमें क्या होता है कि आप अपनी सैलरी से तीन गुना ज्यादा तक बैंक से पैसे ले सकते हैं. यानी अगर आपके खाते में बैलेंस नहीं है तो भी आप इससे ज्यादा निकाल सकते हैं.

जानिए- क्या है सैलरी ओवरड्राफ्ट?

यह एक प्रकार का लोन है और यह आपके रिकॉर्ड को देखकर दिया जाता है. इसके पुनर्भुगतान पर आपको ब्याज भी देना होगा. इसका ब्याज क्रेडिट कार्ड से सस्ता है और हर महीने एक से तीन फीसदी का ब्याज लिया जा सकता है.

निकासी है आसान

यह ओवरड्राफ्ट पूर्व-अनुमोदित है और इसकी एक सीमा है. आप मिनटों में किसी भी समय सीमा तक पैसे निकाल सकते हैं. हालांकि, हर बैंक के अपने नियम होते हैं. कुछ बैंक आपके मासिक वेतन के 2-3 गुना तक ओवरड्राफ्ट सुविधा प्रदान करते हैं. वहीं, कुछ बैंक महीने की सैलरी का 80-90 फीसदी तक ही यह सुविधा देते हैं.